kaushish karne walon ki haar nahi hoti

लहरों से डरकर नौका पार नहीं होती कौशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती   नन्ही चीटी जब दाना लेकर चलती है चढ़ती दीवारों पर सौ सौ बार फिसलती है मन का उत्साह रगों में साहस भरता है चढ़कर गिरना, गिरकर चढ़ना न अखरता है. आखिर उसकी मेहनत बेकार नहीं होती कौशिश करने वालों[…]